एक गौरैया अब आँगन से
कम ही निकला करती है।
एक गौरैया अब कौओं की
करतूतों से डरती है।।
एक गौरैया अब मेरे
गलियारे से कतराती है।
एक गौरैया अब कौओं की
नजरो सें भय खाती है।।
एक गौरैया अब खुद को
पिंजरे में सलामत पाती है।
एक गौरैया अब अपने
घर जाने से घबराती है।।